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On October 27, 2024, Sant Shri Asharamji Bapu Ashram in Bengaluru held a successful one-day Balsanskar camp & Bhandara at Vidyagokula, an orphanage on Yehlanka, Bangalore. The event featured a range of enjoyable activities for the children.
Festive celebrations are incomplete without the perfect gift !
Pujya Bapuji Says that- Those who are happiest are those who do the most for others. Help others without any reason and give without expecting anything in return. To make someone's Diwali Happy.
Bring the light of goodness and positivity to someone's life in this Deepavali.
Let's celebrate a beautiful Deepawali together.
We will do our best to enable you to #ShareYourLight with #AshramBlr and reach out to them. Help them celebrate Diwali with happiness.

विद्यागोकुला अनाथाश्रम में संत श्री आशारामजी आश्रम ट्रस्ट द्वारा दीपावली पर्व पर कार्यक्रम हुए
बेंगलुरु: सिलिकान सिटी- बेंगलुरु के बनशंकरी में स्थित संत श्री आशारामजी आश्रम ट्रस्ट, बेंगलुरु द्वारा विद्यागोकुला सेवा अनाथाश्रम, येह्लंका, बेंगलुरु में दीपावली पर्व के निमित्त बच्चों के अनाथाश्रम में भंडारे के कार्यक्रम का आयोजन किया गया। परोपकारी कौन है? हेतु रहित जग जुग उपकारी। तुम्ह तुम्हार सेवक असुरारी॥ वचन मन काया मन वाणी और कर्म का एक रंग होना संत का लक्षण है अगर मन वाणी और कर्म में भेद है तो यह कुटिलता है! (तुलसी जी कृत वैराग्य-संदीपनी) पिछले 50+ सालों से अनवरत आज भी उनकी यह संत आशारामजी आश्रम ट्रस्ट देश-समाज और संस्कृति के उत्थान का कार्य कर रही है। आश्रम ट्रस्ट द्वारा अवगत कराया गया की उनके पूज्य गुरुदेव से मिलें संस्कारों से प्रेरित होकर उनके साधक, समाजरूपी देवता की सेवा का एक भी मौका चूकते नहीं हैं। जहां लोग अपने घरों में दीपावली मनाते है, वहीं प्रतिवर्ष संत श्री आशारामजी बापू के साधक जरूरतमंद क्षेत्रों में जाकर, उनकी दीपावली भी अच्छी बनें इसलिए आवश्यक सामग्री के वितरण कार्यक्रम करते हैं। बेंगलुरु आश्रम संचालक- दीपक नायकजी ने बताया की- भारत की राष्ट्रीय एकता-अखंडता और विश्व शांति के लिए संत श्री आशारामजी बापू ने राष्ट्र के कल्याणार्थ अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया। उन्हीं की प्रेरणा से हर साल दीपावली पर देशभर में जगह-जगह पर अनगिनत सेवाकार्यों की फुलझड़ियाँ लगाई जाती हैं। भगवन्नाम संकीर्तन यात्राओं के साथ वृद्धाश्रमों, अनाथालयों व अस्पतालों में निःशुल्क औषधि, फल व मिठाई वितरित की जाती है। हजारों जरूरतमंद के लिए विशाल भण्डारे का आयोजन किया जाता है। जिसमें मिठाई, कपड़े, खजूर, कम्बल, अनाज, चप्पल आदि सामग्री के साथ दक्षिणा इत्यादि दी जाती हैं। प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी संत श्री आशारामजी बापू आश्रम ट्रस्ट, बेंगलुरु द्वारा दीपावली निमित्त विद्यागोकुला सेवा अनाथाश्रम, संग्नयाकंहल्ली, नवचेतना शाला के पास, येह्लंका, बेंगलुरु में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। जिनमें वहां के बच्चों के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम किये गये, उन्हें ट्रस्ट के स्वयंसेवकों द्वारा योग व उच्च संस्कार कार्यक्रम के साथ जीवनोपयोगी कुंजियाँ भी बताई गई, कार्यक्रम के अंत में बच्चों में भोजन- प्रसादी तथा उनकी संस्था (अनाथाश्रम) में ट्रस्ट की तरफ़ से मिठाई, राशनकिट, और जीवनोपयोगी सामग्री आदि का वितरण किया गया।

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